Showing posts with label Dard e Dil Love Shayari in Hindi. Show all posts
Showing posts with label Dard e Dil Love Shayari in Hindi. Show all posts

Thursday, November 17, 2016

सुकून अपने दिलका मैंने खो दिया

सुकून अपने दिलका मैंने खो दिया,

खुद को तन्हाई के समंदर मे डुबो दिया,

जो थी मेरे कभी मुस्कराने की वजह,


आज उसकी कमी ने मेरी पलकों को भिगो दिया.


आप से दूर हो कर हम जायेंगे कहा,

आप जैसा दोस्त हम पाएंगे कहा,


दिल को कैसे भी संभाल लेंगे,


पर आँखों के आंसू हम छुपायेंगे कहा.

Tuesday, October 25, 2016

हसीनों ने हसीन बन कर गुनाह किया

हसीनों ने हसीन बन कर गुनाह किया;
औरों को तो क्या हमको भी तबाह किया;

पेश किया जब ग़ज़लों में हमने उनकी बेवफाई को;
औरों ने तो क्या उन्होंने भी वाह - वाह किया।


ज़रा साहिल पे आकर वो थोड़ा मुस्कुरा देती;
भंवर घबरा के खुद मुझ को किनारे पर लगा देता;

वो ना आती मगर इतना तो कह देती मैं आँऊगी;
सितारे, चाँद सारा आसमान राह में बिछा देता।

Saturday, April 18, 2015

मेरा दिल धडकता है सिर्फ तुम्हारे लिए

तेरी हर अदा मोहब्बत सी लगती है,
एक पल की जुदाई मुद्दत सी लगती है,
पहले नही सोचा था अब सोचने लगे है हम,
जिंदगी के हर लम्हों में तेरी ज़रूरत सी लगती है

ढलती शाम का खुला एहसास है ,
मेरे दिल में तेरी जगह कुछ खास है ,
तू नहीं है यहाँ मालूम है मुझे ...
पर दिल ये कहता है तू यहीं मेरे पास है

मुस्कान तेरे होठों से कही जाए न,
आंसू तेरी पलकों पे कही आए न,
पूरा हो तेरा हर खवाब,
और जो पूरा न हो वो खवाब कभी आए न !!

मेरा दिल धडकता है सिर्फ तुम्हारे लिए,
मेरा दिल तडफता है सिर्फ तुम्हारे लिए,
ना जाने मै क्यो डरता हूँ आपसे,
अपने प्यार का इज़हार करने के लिए !!

Tuesday, September 23, 2014

दीवानगी में न जाने कल कहां पे रहूँगा

ये दिल किसी मुकाम पर ठहर नहीं सका

मीलों तलक चला मगर मंजिल न पा सका


दीवानगी में न जाने कल कहां पे रहूँगा

आवारगी में अपना घर भी न बना सका


सर पे कफन है और जलता हुआ दिल है

चाहा बहुत पर जिस्म को खुद न जला सका


तड़पती हुई लहरों को शायद नहीं मालूम

साहिल की प्यास को वो कभी न बुझा सका.


Saturday, May 24, 2014

अपने खयालों में देखा जिनको

दोनों चिरागों में दो समंदर

देखा है उनकी आंखों के अंदर


अपने खयालों में देखा जिनको

आज नजर में आए वो दिलबर


जुल्फें या आंखें, चेहरा या चितवन

हरसूं हैं उनमें जलवों के खंजर


नाजुक बदन जब निकले फिजा में

खुशबू से भर जाए सारा मंजर



प्यार के अहसास पर मर मिटा है दिल

सफर वहीं तक है जहां तक तुम हो

नजर वहीं तक है जहां तक तुम हो


हजारों फूल देखे इस गुलशन में मगर

खुशबू वहीं तक है जहां तक तुम हो


चांद और सूरज भी आके यही कहते हैं

रोशनी वहीं तक है जहां तक तुम हो


प्यार के अहसास पर मर मिटा है दिल

जिंदगी वहीं तक है जहां तक तुम हो


Sunday, January 26, 2014

Pyar Ki Shayari in Hindi

तेरी खामोशी किसी सदमे की निशानी है

तेरी आंखों में गहरे जख्म का पानी है

जो गुलाबी बदन में दर्द को भर दे

उस कांटे का एक नाम बस जवानी है

इन खुली जुल्फों में आवारगी सी लगती है

तेरी बिखड़ी लटें तेरी तरह दीवानी है

रोग ऐसा है तो मरहम जाने क्या होगा

दिले-नादां की ये पीड़ भी अंजानी है


रात ढ़लती है तो ढ़लने की दुआ दो इसको

रात ढ़लती है तो ढ़लने की दुआ दो इसको
सांस चलती है तो रूकने की दुआ दो इसको 

तेरा दुश्मन तेरा दीवाना बना बैठा है
इस जमाने से उठने की दुआ दो इसको

धार सावन की निकलती है तेरी आंखों से
मेरे दरिया में बहने की दुआ दो इसको

एक साया सा तड़पता है जो चराग तले
आग में डूबके मरने की दुआ दो इसको


Wednesday, January 1, 2014

तुझे याद कर मुस्कुराने लगे हैं

फिर से खयालात आने लगे हैं

तुझे याद कर मुस्कुराने लगे हैं

उड़-उड़ के गिरता है दिल का परिंदा

टूटे पंखों में जान आने लगे हैं

देखते-देखते ही फिर खिल गए

वो सारे फूल जो मुरझाने लगे हैं

आंखों में अब तेरा ही नूर है

अमावस में तारे उगाने लगे हैं


Wednesday, December 25, 2013

सांसें हैं जब तक ये आस है बाकी

ये दौरे-जवानी गुजर जाए शायद

या दौरे जुदाई में मर जाएं शायद


सांसें हैं जब तक ये आस है बाकी

अमावस में चंदा निकल आए शायद


पीते रहे हम मयकदे में जी भर

नशा उल्फत का उतर जाए शायद


लगाते हैं अपनी निगाहों पे पहरे

रातों में वो मेरे घर आएं शायद